Cyclone Arnab: चक्रवात के दौरान ट्रेन से सफर करने वाले यात्रियों के लिए एक जरूरी खबर सामने आई है। बंगाल की खाड़ी में तेज हो रहे Cyclone Arnab के असर को देखते हुए रेलवे ने यात्रियों की सुरक्षा के लिए कई ट्रेनों को रद्द करने का फैसला किया है। इसका असर आंध्र प्रदेश के तटीय इलाकों के साथ तेलंगाना, ओडिशा और इन राज्यों को जोड़ने वाली कुछ लंबी दूरी की एक्सप्रेस ट्रेनों पर भी पड़ रहा है।
27 और 28 अक्टूबर 2026 के लिए कुल 64 ट्रेन सेवाएं रद्द किए जाने की रिपोर्ट है। इनमें दक्षिण तटीय आंध्र प्रदेश की 53 पैसेंजर और अन्य सेवाएं तथा दक्षिण मध्य रेलवे से जुड़ी 11 एक्सप्रेस और स्पेशल ट्रेनें शामिल हैं। कुछ ट्रेनों की सेवाएं आंशिक रूप से रद्द की गई हैं, जबकि मौसम के हालात के अनुसार आगे भी बदलाव हो सकता है।
इसलिए अगर आपने इन तारीखों में यात्रा की टिकट बुक की है, तो स्टेशन निकलने से पहले अपनी ट्रेन का नंबर और यात्रा शुरू होने की तारीख जरूर जांच लें। सिर्फ ट्रेन के नाम के आधार पर फैसला न करें, क्योंकि एक ही रूट पर चलने वाली अलग-अलग सेवाओं की स्थिति अलग हो सकती है।
Cyclone Arnab के कारण रेलवे ने क्यों लिया ट्रेनों को रद्द करने का फैसला?
Cyclone Arnab बंगाल की खाड़ी में विकसित हुआ है और इसके आंध्र प्रदेश के तट की ओर बढ़ने की आशंका के बीच मौसम विभाग ने भारी बारिश और तेज हवाओं को लेकर चेतावनी जारी की है। 27 अक्टूबर की रिपोर्टों के अनुसार, चक्रवात के 28 अक्टूबर को आंध्र प्रदेश के तट पर बहुत गंभीर चक्रवाती तूफान के रूप में पहुंचने की संभावना जताई गई थी। अनुमानित प्रभाव वाले इलाकों में तेज हवाएं, भारी बारिश और जलभराव जैसी परिस्थितियां रेल परिचालन को प्रभावित कर सकती हैं।

चक्रवात के दौरान रेलवे ट्रैक पर पानी भरना, पटरियों के आसपास मिट्टी का कटाव, पुलों के पास जलस्तर बढ़ना और सिग्नलिंग सिस्टम प्रभावित होना गंभीर जोखिम पैदा कर सकता है। तेज हवाओं से पेड़ या अन्य वस्तुएं ट्रैक पर गिरने की आशंका भी रहती है। ऐसी परिस्थितियों में ट्रेन चलाना यात्रियों और रेलवे कर्मचारियों दोनों की सुरक्षा के लिए चुनौतीपूर्ण हो सकता है। इसी वजह से रेलवे ने पहले से सावधानी बरतते हुए कुछ सेवाओं को रद्द किया है। यह फैसला यात्रियों को होने वाली असुविधा के बावजूद संभावित जोखिम कम करने के उद्देश्य से लिया गया है। रेलवे ने यह भी स्पष्ट किया है कि मौसम और सुरक्षा की स्थिति को देखते हुए ट्रेन सेवाओं में आगे भी बदलाव किया जा सकता है।
27 और 28 अक्टूबर को कितनी ट्रेनें रद्द रहेंगी?
उपलब्ध रिपोर्टों के अनुसार, 27 और 28 अक्टूबर 2026 के लिए कुल 64 ट्रेन सेवाएं रद्द की गई हैं। इनमें 53 पैसेंजर और अन्य सेवाएं दक्षिण तटीय आंध्र प्रदेश के अलग-अलग रूटों पर प्रभावित हैं। इसके अलावा, तेलंगाना, आंध्र प्रदेश और ओडिशा को जोड़ने वाली 11 एक्सप्रेस और स्पेशल ट्रेनें भी रद्द की गई हैं।
ध्यान देने वाली बात यह है कि सभी ट्रेनें दोनों दिन रद्द नहीं हैं। कुछ सेवाएं केवल 27 अक्टूबर को, कुछ 28 अक्टूबर को और कुछ संबंधित तारीखों पर निर्धारित यात्रा के अनुसार प्रभावित हैं। इसलिए यात्रियों को ट्रेन के नंबर के साथ उसकी Journey Commencing On यानी JCO तारीख भी जांचनी चाहिए। JCO उस तारीख को दर्शाता है जिस दिन ट्रेन अपनी यात्रा शुरू करने वाली है।
अगर आपकी ट्रेन किसी दूसरे शहर से चलकर आपके स्टेशन से गुजरती है, तो केवल अपने स्टेशन की तारीख देखकर निष्कर्ष न निकालें। ट्रेन की मूल यात्रा शुरू होने की तारीख और उसके परिचालन की स्थिति दोनों जांचना जरूरी है।
कौन-कौन सी प्रमुख एक्सप्रेस ट्रेनें हुईं रद्द?
चक्रवात के कारण रद्द की गई प्रमुख ट्रेनों में सिकंदराबाद से हावड़ा जाने वाली फलकनुमा सुपरफास्ट एक्सप्रेस (12704), सिकंदराबाद से भुवनेश्वर जाने वाली न्यू विशाखा एक्सप्रेस (17016) और हैदराबाद से विशाखापत्तनम जाने वाली गोदावरी सुपरफास्ट एक्सप्रेस (12728) शामिल हैं। इन ट्रेनों के रद्द होने से लंबी दूरी की यात्रा करने वाले यात्रियों की योजनाएं प्रभावित हो सकती हैं। इसके अलावा महबूबनगर से विशाखापत्तनम जाने वाली सुपरफास्ट एक्सप्रेस (12862) और सिकंदराबाद से विशाखापत्तनम जाने वाली गरीब रथ एक्सप्रेस (12740) को भी रद्द की गई सेवाओं में शामिल किया गया है।
लिंगमपल्ली से काकीनाडा टाउन जाने वाली कोकनाडा सुपरफास्ट एक्सप्रेस (12776), लिंगमपल्ली से काकीनाडा पोर्ट जाने वाली गौतमी सुपरफास्ट एक्सप्रेस (12738) और लिंगमपल्ली से नरसापुर जाने वाली एक्सप्रेस (17256) भी प्रभावित ट्रेनों में हैं। इसके साथ ही हजूर साहिब नांदेड़ से संबलपुर जाने वाली नागावली सुपरफास्ट एक्सप्रेस (20810) और चारलापल्ली से श्रीकाकुलम रोड जाने वाली स्पेशल ट्रेन (07037) को भी रद्द किए जाने की रिपोर्ट है। श्रीकाकुलम रोड से चारलापल्ली लौटने वाली स्पेशल ट्रेन (07038) की 28 अक्टूबर की यात्रा भी रद्द की गई है।
नागरसोल से नरसापुर जाने वाली ट्रेन (12788) की सेवा भी आंशिक रूप से प्रभावित हुई है। रिपोर्ट के अनुसार, इस ट्रेन को चारलापल्ली और नरसापुर के बीच आंशिक रूप से रद्द किया गया है। इस तरह के मामलों में यात्रियों को यह देखना चाहिए कि उनकी ट्रेन पूरे रूट पर रद्द है या केवल किसी खास सेक्शन में नहीं चलेगी। यह सूची प्रमुख प्रभावित सेवाओं की जानकारी देती है। यात्रा से पहले पूरी और नवीनतम ट्रेनवार सूची की पुष्टि रेलवे के आधिकारिक प्लेटफॉर्म से जरूर करें, क्योंकि मौसम की स्थिति के अनुसार परिचालन संबंधी निर्देश बदल सकते हैं।
पैसेंजर और लोकल ट्रेनों पर भी पड़ा असर
Cyclone Arnab के चलते केवल लंबी दूरी की एक्सप्रेस ट्रेनें ही प्रभावित नहीं हुई हैं। आंध्र प्रदेश के तटीय क्षेत्रों में चलने वाली कई पैसेंजर और लोकल सेवाएं भी रद्द की गई हैं। इससे रोजाना काम, पढ़ाई या दूसरे जरूरी कामों के लिए ट्रेन से आने-जाने वाले लोगों को परेशानी हो सकती है। प्रभावित रूटों में विजयवाड़ा से राजामुंद्री, विजयवाड़ा से नरसापुर, विजयवाड़ा से मछलीपट्टनम और मछलीपट्टनम से गुडिवाडा के बीच चलने वाली सेवाएं शामिल हैं। इसके अलावा काकीनाडा पोर्ट से विशाखापत्तनम, भीमावरम से निदादावोलु, गुंटूर से रेपल्ले और विशाखापत्तनम से पार्वतीपुरम के बीच भी कई ट्रेन सेवाएं प्रभावित हुई हैं।
इन रूटों पर यात्रा करने वाले यात्रियों को खास सावधानी बरतनी चाहिए। कई बार किसी ट्रेन का एक फेरा रद्द होता है, जबकि उसी रूट पर चलने वाली दूसरी ट्रेन का परिचालन जारी रहता है। इसलिए यह मान लेना सही नहीं होगा कि किसी पूरे रूट की सभी ट्रेनें बंद हैं। अगर आपको रोजाना ट्रेन से यात्रा करनी होती है, तो वैकल्पिक परिवहन की व्यवस्था करने से पहले ट्रेन का ताजा स्टेटस देख लें। जरूरत पड़ने पर रेलवे स्टेशन के पूछताछ काउंटर से भी जानकारी प्राप्त की जा सकती है।
रेलवे ने सुरक्षा के लिए क्या तैयारियां की हैं?
चक्रवात के खतरे को देखते हुए दक्षिण मध्य रेलवे ने अपनी तैयारियां तेज कर दी हैं। अधिकारियों ने संवेदनशील रेलवे पुलों, पटरियों, यार्ड और सिग्नलिंग सिस्टम की निगरानी बढ़ाई है। कुछ संवेदनशील हिस्सों में पेट्रोलिंग टीमों और निगरानी कर्मचारियों को तैनात किया गया है, ताकि मौसम के कारण पैदा होने वाली समस्या की पहचान समय रहते की जा सके। रेलवे ने जलनिकासी व्यवस्था को दुरुस्त रखने और पटरियों के आसपास जमा गाद, झाड़ियों तथा अन्य अवरोधों को हटाने के निर्देश भी दिए हैं। इसके अलावा जरूरत पड़ने पर पटरियों की मरम्मत के लिए जरूरी सामग्री तैयार रखी जा रही है।
दक्षिण मध्य रेलवे के अधिकारियों ने काजीपेट और दोर्नकल में Accident Relief Trains तथा Accident Relief Medical Equipment की उपलब्धता की भी समीक्षा की है। इन व्यवस्थाओं का उद्देश्य किसी आपात स्थिति में राहत और चिकित्सा सहायता जल्द उपलब्ध कराना है।
रेलवे की ओर से इन कदमों का मकसद खराब मौसम के दौरान यात्रियों, कर्मचारियों और रेल संपत्ति की सुरक्षा सुनिश्चित करना है। परिचालन की स्थिति को लगातार मॉनिटर किया जा रहा है और आवश्यकता के अनुसार ट्रेनें रद्द, डायवर्ट या रीशेड्यूल की जा सकती हैं।
ट्रेन रद्द है या नहीं, घर बैठे कैसे चेक करें?
अगर आप 27 या 28 अक्टूबर को यात्रा करने वाले हैं, तो अपनी ट्रेन की स्थिति जानने के लिए NTES, RailOne या IRCTC के आधिकारिक प्लेटफॉर्म का इस्तेमाल कर सकते हैं। रेलवे पूछताछ नंबर 139 के जरिए भी जानकारी ली जा सकती है।
सबसे पहले अपनी टिकट पर दर्ज ट्रेन नंबर और यात्रा शुरू होने की तारीख नोट करें। इसके बाद आधिकारिक प्लेटफॉर्म पर ट्रेन का स्टेटस जांचें। अगर ट्रेन रद्द दिखाई देती है, तो यात्रा के लिए वैकल्पिक योजना बनाने से पहले टिकट रिफंड या अन्य विकल्पों के बारे में संबंधित बुकिंग प्लेटफॉर्म से जानकारी प्राप्त करें।
आरक्षित टिकट बुक कराने वाले यात्रियों को रेलवे की ओर से SMS के जरिए भी परिचालन संबंधी बदलावों की सूचना मिल सकती है। लेकिन केवल SMS का इंतजार करने के बजाय खुद भी ट्रेन का स्टेटस जांचना बेहतर रहेगा।
यदि ऑनलाइन जानकारी स्पष्ट नहीं है, तो नजदीकी रेलवे स्टेशन के पूछताछ काउंटर से संपर्क करें। किसी अनजान सोशल मीडिया पोस्ट या पुराने स्क्रीनशॉट को अंतिम जानकारी न मानें, क्योंकि मौसम की स्थिति बदलने के साथ ट्रेन संचालन के निर्देश भी बदल सकते हैं।
यात्रियों को किन बातों का ध्यान रखना चाहिए?
चक्रवात के दौरान यात्रा करते समय सबसे जरूरी है कि आप अपनी ट्रेन के परिचालन की पुष्टि करें और मौसम से जुड़ी आधिकारिक चेतावनियों को गंभीरता से लें। अगर ट्रेन रद्द हो गई है, तो बिना पुष्टि के स्टेशन जाने से बचें। इससे समय और पैसे दोनों की बचत हो सकती है।
अगर आपकी ट्रेन डायवर्ट या रीशेड्यूल की जाती है, तो नए मार्ग और समय को ध्यान से जांचें। स्टेशन पर पहुंचने से पहले पर्याप्त समय रखें और जरूरत पड़ने पर रेलवे अधिकारियों से सहायता लें।
तटीय क्षेत्रों में भारी बारिश और तेज हवाओं का असर सड़क यातायात, बिजली और मोबाइल नेटवर्क पर भी पड़ सकता है। इसलिए जरूरी फोन नंबर, टिकट की जानकारी और यात्रा से संबंधित संदेश सुरक्षित रखें। मौसम विभाग और स्थानीय प्रशासन की सलाह का पालन करें और अनावश्यक यात्रा से बचें, खासकर तब जब आपके क्षेत्र में गंभीर मौसम चेतावनी जारी हो।
स्टेशन जाने से पहले ट्रेन का स्टेटस जरूर जांचें

Cyclone Arnab के संभावित असर को देखते हुए रेलवे ने 27 और 28 अक्टूबर 2026 के लिए कुल 64 ट्रेन सेवाएं रद्द की हैं। इनमें आंध्र प्रदेश की कई पैसेंजर सेवाओं के साथ सिकंदराबाद-हावड़ा फलकनुमा एक्सप्रेस, हैदराबाद-विशाखापत्तनम गोदावरी सुपरफास्ट और अन्य महत्वपूर्ण ट्रेनें शामिल हैं। रेलवे ने यात्रियों की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए संवेदनशील रेलवे हिस्सों की निगरानी और आपातकालीन तैयारियां बढ़ाई हैं। मौसम की स्थिति के अनुसार आने वाले समय में ट्रेन परिचालन में और बदलाव संभव हैं अगर आपने इन तारीखों में यात्रा की योजना बनाई है, तो स्टेशन के लिए निकलने से पहले NTES, RailOne, IRCTC या 139 के माध्यम से ट्रेन का नवीनतम स्टेटस जांच लें। सही जानकारी के साथ यात्रा की योजना बनाना इस समय सबसे सुरक्षित और समझदारी भरा कदम है।
Disclaimer: यह लेख 27 अक्टूबर 2026 तक उपलब्ध सार्वजनिक रिपोर्टों और रेलवे संबंधी सूचनाओं के आधार पर तैयार किया गया है। ट्रेन रद्द होने, आंशिक रद्दीकरण, डायवर्जन और समय में बदलाव की स्थिति अपडेट हो सकती है। यात्रा से पहले अपनी ट्रेन का नंबर, Journey Commencing On तारीख और नवीनतम स्थिति आधिकारिक रेलवे प्लेटफॉर्म से जरूर सत्यापित करें।
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